
6,371 मेम्बर
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@mkarim945939
कभी गौर से सोचिए कि एक छोटा-सा चूजा अंडे के अंदर कैसे तैयार होता है। जिस अंडे के अंदर हमें सिर्फ सफेदी और पीला भाग दिखाई देता है, उसी के भीतर अल्लाह ने एक जीवित प्राणी के निर्माण का पूरा इंतजाम कर रखा है।
जब मुर्गी अंडे को सेती है, तो उसके भीतर एक अद्भुत प्रक्रिया शुरू होती है। धीरे-धीरे कोशिकाएं विभाजित होती हैं, दिल बनता है और धड़कने लगता है, दिमाग, आंखें, चोंच, पंख, पैर और शरीर के तमाम अंग विकसित होने लगते हैं। लगभग 21 दिनों में वही अंडा, जो बाहर से बिल्कुल साधारण दिखाई देता था, एक जीवित चूजे में बदल जाता है।
और फिर एक दिन वह नन्हा-सा चूजा अपनी चोंच से अंडे का खोल तोड़कर बाहर निकल आता है।
ज़रा सोचिए! न उस अंडे के अंदर कोई इंजीनियर था, न कोई कारीगर, न कोई ऐसा दिखाई देने वाला हाथ जो एक-एक अंग को जोड़ रहा था। फिर भी हर अंग अपने निर्धारित स्थान पर बना, दिल को धड़कना आया और एक बेजान-सा दिखने वाला अंडा जीवन से भर गया।
सुब्हानअल्लाह! अल्लाहु अकबर!
यह सिर्फ एक प्राकृतिक प्रक्रिया नहीं, बल्कि अल्लाह की कुदरत, उसकी हिकमत और उसकी रबूबियत की एक खुली निशानी है।
अल्लाह कुरआन में बार-बार इंसान को अपनी निशानियों पर गौर करने की दावत देता है। आसमान, जमीन, सूरज, चांद, पेड़-पौधे, जानवर और यहां तक कि हमारे अपने शरीर में भी उसकी कुदरत की अनगिनत निशानियां मौजूद हैं।
हैरानी की बात यह है कि अल्लाह की ये निशानियां हर रोज हमारे सामने से गुजरती हैं, लेकिन हम उन्हें देखकर भी अनदेखा कर देते हैं।
कभी-कभी अल्लाह की पहचान के लिए बहुत दूर जाने की जरूरत नहीं होती, बस अपने आसपास की चीजों को गौर से देखने और समझने की जरूरत होती है।
سُبْحَانَ اللّٰهِ وَبِحَمْدِهِ ❤️